नई दिल्ली, संवाददाता : एक तरफ तो सरकार आवारा घुमाने फिरने वाली गायों की देखभाल करने के लिए जगह-जगह अनुदान देकर लोगों की धार्मिक भावनाओं को समझते हुए, गौशालाओं का संचालन करा रही है, वहीं दुसरी तरफ कुछ असामाजिक तत्व गौशाला बनाकर गोमाता की सेवा करने के बहाने अनेक गलत कार्य कर गौशालाओं को बदनाम कर रहे हैं। ऐसी ही एक विवाहित गौशाला बाहरी दिल्ली के गांव हरेवली की इन दिनों सुर्खियों में चल रही जोकि एक स्थानीय किसान को उनकी जमीन पर कब्जा करने की नियत से आए दिन प्रताड़ित कर रहे हैं। जिसकी शिकायत पीड़ित ने पुलिस में दर्ज कराई है।
मिली जानकारी के अनुसार गांव हरेवली निवासी पीड़ित अजय ने पुलिस को शिकायत देकर गोपाल गोसदन हरेवली के संचालकों और कर्मचारियों पर उनकी करीब चार एकड़ हरी-भरी बाजरे की फसल को रसायन छिड़ककर नष्ट करने का आरोप लगाते हुए दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई करने की गुहार लगाई है।शिकायत के अनुसार बताया गया है कि गांव के खसरा नंबर 23/11, 12, 17 व अन्य की जमीन पर उनका परिवार करीब पिछले 80 वर्षों से खेती करता आ रहा है। जमीन को लेकर टेकराम बनाम ग्राम सभा हरेवली नाम से सिविल मामला भी लंबित है। शिकायतकर्ता का कहना है कि इस मामले में दिल्ली हाईकोर्ट से उन्हें स्टे मिला हुआ है, जबकि डीएम की अदालत में भी मामला विचाराधीन है और अगली सुनवाई 27 नवंबर 2026 को निर्धारित है।
पीड़ित किसान ने आरोप लगाया कि उनकी जमीन से सटी गोपाल गोसदन के संचालक प्रमोद गोयल, प्रमोद सहरावत और अन्य कर्मचारी उन्हें लगातार परेशान कर रहे हैं। आरोप है कि उनकी जमीन की ओर अवैध गेट लगाया गया, गौशाला से गंदा व रसायनयुक्त पानी फसल में छोड़ा गया तथा बाजरे की फसल पर मिट्टी डालकर उसे नुकसान पहुंचाया गया। शिकायतकर्ता के अनुसार, इन घटनाओं को लेकर पहले भी पुलिस और संबंधित अधिकारियों को शिकायत दी गई, लेकिन कार्रवाई नहीं हुई।शिकायत में आगे आरोप लगाया गया है कि 28 अगस्त 2026 की रात गौशाला से जुड़े लोगों ने उनकी करीब चार एकड़ फसल पर रसायन का छिड़काव कर उसे नष्ट कर दिया, जिससे लाखों रुपये का नुकसान हुआ। घटना की सूचना पुलिस सहायता नंबर 112 पर भी देने की बात शिकायतकर्ता ने कही है।उन्होंने पुलिस से मामले की जांच कर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने तथा अपने और अपने परिवार की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की है। उन्होंने आशंका जताई है कि भविष्य में उनके या उनके परिवार के साथ कोई अप्रिय घटना होती है तो इसके लिए आरोपित पक्ष जिम्मेदार होगा।
वहीं सूत्रों से यह भी बताया गया है कि उक्त विवादित गौशाला ने हरियाणा की सरकारी शहर की जमीन पर भी अवैध कब्जा किया हुआ है, तथा शहर में से पानी भी अवैध रूप से ले रखा है। संचालक अपने आप को भाजपा पार्टी से सम्बंधित तथा RSS कार्यकर्ता बताते हैं। जिससे प्रशासन में बैठे भ्रष्ट अधिकारी उनपर कार्यवाही करने में हिचकिचा रही है।

